WhatsApp Group - मंडी भाव

Join Now

3 गुना मुनाफा दे रही काले गेहूं की खेती

कृषि क्षेत्र में आए दिन नई – नई तकनीक एवं उन्नत किस्मों का विकास हो रहा है, इन दिनों काले गेहूं की खेती की तरफ किसानों का आकर्षण बढ़ रहा है, मध्य प्रदेश के खंडवा जिले में कुछ किसानों ने काले गेहूं की खेती का मुनाफा कमाया है, क्योंकि आम के उनकी तुलना में काले गेहूं की खेती से किसानों को 3 गुनी आय प्राप्त हो रही है, साथ-साथ काले गेहूं पोषक तत्वों से भरपूर है, इन दिनो काले गेहूं की खेती की डिमांड धीरे-धीरे बढ़ रही है।

सामान्य गेहु से अधिक कीमत

खंडवा जिले के ग्राम सिरपुर, टिगरियांव, धनगांव, बोरखेड़ा के किसान काले गेहूं की खेती लगभग दो-तीन साल से कर रहे हैं, और उन्होंने इसकी अच्छी उपज भी प्राप्त कि हैं आपको बता दें कि – यह गेहूं बाजार में 60 रुपए किलो तक बेचा जा रहा है, वहीं पर यदि देखा जाए तो सामान्य गेहु अच्छी क्वालिटी में भी 23 रुपए किलो ही बिक रहा है।

kale-gehu-ki-kheti

इसे भी पढे – गेहूं की इस किस्म से 75 क्विंटल प्रति हैक्टेयर का उत्पादन

इंटरनेट के माध्यम से मिली जानकारी

सामान्य गेहु से 3 गुनी कीमत में बिकने वाला गेहु है, काले गेहूं की खेती के बारे में खंडवा के किसान शशि मिश्रा ने बताया कि – उन्हें काले गेहूं की खेती के बारे में इंटरनेट मीडिया से जानकारी मिली उसके बाद उनकी रूचि काले गेहूं की खेती में बढ़ गई उसके बाद उन्होंने ग्राम शिरपुर के किसान राजेंद्र रघुवंशी जो कि – काले गेहूं की खेती पहले से कर रहे थे, उनसे संपर्क किया और उनके द्वारा बीज भी उपलब्ध कराया गया , अब वह 2 साल से काले गेहूं की खेती कर रहे हैं।

कितना बीज लगेगा किती होगी पैदावार

किसान ने बताया कि यदि 1 एकड़ भूमि में काले गेहूं की खेती की जाए तो लगभग 30 किलो बीज की आवश्यकता होगी और 12 क्विंटल काले गेहूं की पैदावार होगी जैविक खेती करने के कारण यह पैदावार सामान्य गेहूं की तुलना में कम है परंतु इसके बाद भी काले गेहूं की खेती करना फायदे का सौदा ही है।

black-wheat-price

सरकार कॉल काले गेहूं की खेती के लिए किसानों को बढ़ावा देने की आवश्यकता है, और किसानों को काले गेहूं की खेती के लिए बीज भी उपलब्ध करवाना चाहिए । वही के ग्राम सरगांव के राजेंद्र रघुवंशी ने कहा कि – वह काले गेहूं की खेती 5 साल से कर रहे हैं, पंजाब की एक कंपनी ने रिसर्च करने के लिए गेहूं का बीज खरीद कर बुलवाया था ।

परिचित एवं रिश्तेदार गेहूं खरीद कर ले जाते हैं

इसके बाद ही जिले के अन्य किसानों को भी उनके द्वारा बीज उपलब्ध करवाया जा रहा है, काले गेहूं के डिमांड शहर में भी काफी ज्यादा है, अभी उनसे उनके परिचित एवं रिश्तेदार गेहूं खरीद कर ले जाते हैं, उन्होंने आगे बताया कि – परिवार में खाने के लिए भी वह काले गेहूं का ही उपयोग कर रहे हैं, क्योंकि काले गेहूं सामान्य गेहूं से अधिक पौष्टिक है, उन्होंने बताया कि – धनगांव के सीताराम इंगला, टिगरियांव के जितेंद्र पटेल, बोरखेड़ा खुर्द के राजेंद्र दरबार आदि किसान भी काले गेहूं की खेती कर रहे हैं।

join-our-whtsapp-group-mkisan

इन्हे भी पढे – हरियाणा में विकसित इन उन्नत किस्मों के बीज से कर सकेंगे खेती


Leave a Comment

ऐप खोलें